♦Laharnews.com National Desk♦
कोरोना के नए वैरिएंट ’ओमिक्रॉन’ के अत्यधिक आक्रामक रूख से दुनिया हैरान-परेशान है। इस वैरियंट में 30 नये तरह के म्यूटेशन देखे गये हैं। यह डेल्टा वैरिएंट से भी ज्यादा संक्रामक बताया जा रहा है। दक्षिण अफ्रीका से शुरू होकर कई देशों में फैले ओमिक्रॉन वैरिएंट के बारे में अभी अध्ययन किया जा रहा है। विशेषज्ञों का किसी निष्कर्ष पर पहुंचना बाकी है। इस बीच दक्षिण अफ्रीका की वो डॉक्टर, जिन्होंने सबसे पहले नए कोविड वैरिएंट को लेकर सचेत किया था उन्होंने इसके लक्षणों के बारे में अहम जानकारी दी है, जो इस वैरिएंट से निपटने के लिए बनाई जा रही रणनीति में काम आ सकती है।
डॉ एंजेलिक कोएत्जी के मुताबिक कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के ’असामान्य’ लक्षण दिख रहे हैं। दक्षिण अफ्रीकी प्रशासनिक राजधानी प्रिटोरिया में एक प्राइवेट प्रैक्टिस करने वाली डॉ एंजेलिक कोएत्जी ने कहा कि उन्होंने इस महीने की शुरुआत में पहली बार देखा कि कोविड के मरीजों में कई अजीब लक्षण दिख रहे हैं। दक्षिण अफ्रीकी मेडिकल एसोसिएशन की अध्यक्ष डॉक्टर एंजेलिक कोएत्जी के मुताबिक नए वैरिएंट से संक्रमित मरीजों को टेस्ट और स्मेल लॉस नहीं हो रहा है जबकि डेल्टा की चपेट में आने के बाद स्वाद चला जाना और स्मेल न आना को कोरोना के लक्षणों में जोड़ा गया था।
नये वैरिएंट के नए लक्षण
द टेलीग्राफ को डॉ कोएत्जी ने बताया कि नए कोरोना वैरिएंट के लक्षण अलग दिख रहे हैं। उनके मुताबिक इस वैरिएंट के लक्षण माइल्ड हैं और नए हैं। इससे संक्रमित होने वाले मरीजों को थकान बहुत महसूस हो रही है. साथ ही पल्स रेट बहुत हाई हो जा रही है। उन्होंने ओमिक्रॉन के नए लक्षणों के बारे में दक्षिण अफ्रीका के वैक्सीन सलाहकार बोर्ड को जानकारी दे दी है।
इन देशों तक पहुंचा कोरोना का नया वैरिएंट
इस महीने की शुरुआत में पहली बार दक्षिण अफ्रीका में खोजा गया ओमिक्रॉन ब्रिटेन, जर्मनी, इटली, बेल्जियम, बोत्सवाना, इजराइल, हांगकांग और ऑस्ट्रेलिया में भी एंट्री कर चुका है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) द्वारा पिछले सप्ताह ओमिक्रॉन ’वैरिएंट ऑफ कंसर्न’ करार दिया गया। सबसे बड़ी चिंता इस बात की जताई जा रही है कि ये वैरिएंट वैक्सीन को निष्प्रभावी कर सकता है और महामारी को लम्बा खींच सकता है।