♦Laharnews.com Correspondent♦
आदिवासी मूलवासी जनाधिकार मंच और आदिवासी मंच की ओर से डोमिसाइल आंदोलन के दौरान शहीद हुए संतोष कोणक, विनय तिग्गा, कैलाश कुजूर की मेकॉन कॉलोनी स्थित त्रिमूर्ति पर माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी गयी।
इस मौके पर शहीद हुए इन युवाओं के परिजनों के अलावा पूर्व विधायक बंधु तिर्की, विधायक शिल्पी नेहा तिर्की, आदिवासी मूलवासी जनाधिकार मंच के अध्यक्ष राजू महतो,लाल नाथ सहदेव, विजय साहू , इशरत आलम, सर्जन हंसदा, रंजीत उरांव , इकबाल हसन, महिला अध्यक्ष विनीता खलखो, केंद्रीय सचिव मंगलेश्वर उरांव, कोषाध्यक्ष गोपाल महतो, प्रवीण सहाय, ऐरेन कच्छप नीलकंठ बिल्कंडा, बुलबुल साहू ,सहित अन्य लोग मौजूद थे।
राजू महतो ने कहा – डोमिसाइल दिवस 24 जुलाई एक ऐतिहासिक दिन है और आदिवासी मूलवासी जनता की भावना के अनुरूप खतियान के आधार पर स्थानीय नीति को लेकर जो संघर्ष हुआ, वह अविश्वसनीय है। झारखंड के आदिवासी मूलवासी जनता के उस संघर्ष को आज भी जीवित रखा गया है। खतियान के आधार पर स्थानीय नीति लागू करके ही आदिवासी मूलवासी जनता दम लेंगे । कहा, सारे आंदोलन को मिलाकर एक बड़ा आंदोलन खड़ा किया जाएगा सरकार को खतियान के आधार पर स्थानीय नीति लागू करने के लिए विवश होना पड़ेगा।
डोमिसाइल आंदोलन के शहीदों को दी गयी श्रद्धांजलि, वक्ताओं ने कहा-खतियान के आधार पर बने स्थानीय नीति
