झारखंड के हजारीबाग में हुई घटना पर सख्त रुख अख्तियार करते हुए आरबीआई ने महिंद्रा एंड महिंद्रा फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड पर आउटसोर्सिंग रिकवरी एजेंट्स हायर करने को लेकर रोक लगा दी है। कंपनी के एक एजेंट ने ट्रैक्टर के लोन की बकाया वसूली के लिए झारखंड के हजारीबाग में एक गर्भवती महिला को कथित तौर पर ट्रैक्टर से कुचलकर मार दिया था। इस घटना के बाद रिजर्व बैंक ने कंपनी को यह सख्त निर्देश जारी किया है।
हजारीबाग पुलिस के मुताबिक रिकवरी के लिए पीड़ित महिला के घर जाने से पहले फाइनेंस कंपनी के अधिकारियों ने लोकल पुलिस को इन्फॉर्म नहीं किया था। पुलिस ने महिंद्रा फाइनेंस कंपनी के 4 लोगों पर हत्या का मामला दर्ज किया है।
गौरतलब है कि झारखंड के हजारीबाग जिला मुख्यालय से करीब 100 किमी दूर सिजुआ गांव निवासी दिव्यांग किसान मिथिलेश प्रसाद मेहता ने महिंद्रा फाइनेंस से 2018 में ट्रैक्टर फाइनेंस कराया था। करीब साढ़े पांच लाख के ट्रैक्टर की किश्त वे लगातार चुका रहे थे। 1 लाख 20 हजार रुपए की 6 किश्त ही बाकी रह गई थीं। पैसों की कमी के कारण वे इन किश्तों को चुकाने में लेट हो गए। फाइनेंस कंपनी ने बताया कि लोन बढ़कर 1 लाख 30 हजार हो गया है।
मिथिलेश प्रसाद मेहता का आरोप है कि फाइनेंस कंपनी के कर्मचारी बकाया के अलावा 12 हजार रुपए अतिरिक्त मांग रहे थे। यह रकम नहीं देने पर ट्रैक्टर को जबरदस्ती ले जाने लगे। इचाक थाना क्षेत्र के बरियठ गांव के पास परिजन ट्रैक्टर के सामने खड़े हो गए और लोन की रकम 1.20 लाख रुपए भरने की बात कही, लेकिनकर्मचारी 12 हजार रुपए और देने की बात पर अड़े रहे।
मना करने पर फाइनेंस कंपनी के कर्मी ट्रैक्टर पर चढ़ गए और चिल्लाने लगे कि सामने से हट जाओ नहीं तो ट्रैक्टर चढ़ा देंगे। जब परिजन नहीं हटे तो रिकवरी एजेंट ने ड्राइवर को ट्रैक्टर बढ़ाने का आदेश दिया। ड्राइवर ने किसान की गर्भवती बेटी को ट्रैक्टर से कुचल डाला। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद आरोपी ट्रैक्टर लेकर भाग गए।
झारखंड की घटना पर आरबीआई सख्त, महिंद्रा फाइनेंस के आउटसोर्स रिकवरी एजेंट हायर करने पर रोक
